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रविवार 2 नवंबर 2014 को प्रधानमंत्री के साथ "मन की बात"

“Mann Ki Baat” on Sunday 2nd November 2014
आरंभ करने की तिथि :
Oct 22, 2014
अंतिम तिथि :
Nov 16, 2014
04:15 AM IST (GMT +5.30 Hrs)
प्रस्तुतियाँ समाप्त हो चुके

3 अक्टूबर 2014 को हुए रेडियो कार्यक्रम के बाद प्रधानमंत्री एक बार फिर ...

3 अक्टूबर 2014 को हुए रेडियो कार्यक्रम के बाद प्रधानमंत्री एक बार फिर रेडियो के माध्यम से देश भर के लोगों से बातचीत करेंगे! रविवार 2 नवंबर 2014 की सुबह प्रधानमंत्री रेडियो पर विभिन्न मुद्दों पर अपने विचार साझा करेंगे।

इस फोरम के माध्यम से हम रेडियो कार्यक्रम के लिए आपके सुझाव और विचार चाहते हैं। आप विभिन्न मुद्दों पर अपने विचार साझा कर सकते हैं। प्रधानमंत्री कार्यक्रम के दौरान उस मुद्दे पर बातचीत कर सकते हैं। आपको याद होगा कि पिछले रेडियो कार्यक्रम पर प्रधानमंत्री जी ने मेरी सरकार पर दो लोगों द्वारा साझा किये गए विचारों के बारे में बातचीत की थी।

अपने पिछले संबोधन में प्रधानमंत्री ने रेडियो के माध्यम से लोगों के साथ जुड़े रहने का वादा किया था और इसलिए वह आपके विचार जानने और आपसे बातचीत करने के लिए फिर से रेडियो पर आ रहें हैं...

फिर से कायम कर देना
5984 सबमिशन दिखा रहा है
Nitin Sharma
Nitin Sharma 11 साल 7 महीने पहले
PM Shri Narendra modi ji, in his next address, will draw attention about the evil of drug abuse. I live in Delhi and I am regular to Gyms in my locality and I want to say that Gyms are the places where most abuse of drugs, in the form of performance enhancers, protein shakes, weight reducers etc., takes place. Cunning Instructors entice/ cheat Youngs boys and girls to consume Banned drugs. These youngsters later pay a heavy price for this abuse. I request govt. to take notice of this Problem.
Sanjay Rajure
Sanjay Rajure 11 साल 7 महीने पहले
अगर हम देश भर के सडको को साईकिल फ्रेंडली बना सके तो लोग अपनी गतिविधियों में साईकिल का इस्तेमाल कर सकेंगे. डेनमार्क जैसे देशों में सारी सडकें साईकिल चलने के लिए अनुकूल है इसलिए संभ्रांत लोग भी सुविधापूर्ण रीती से सड़कों पर साईकिल चलते हुए देखे जा सकते है. हमें अपने देश में साईकिल के प्रयोग को बढ़ावा देने के लिए सड़कों के साथ साईकिल ट्रैक भी बनाने पड़ेंगे. यह एक चीज स्वास्थ्य को बढ़ावा देगी, प्रदुषण एवं इंधन के खर्च बचाएगी, और हमारा जीवन अधिक शांतिपूर्ण बना सकेगी.
Lakshmi Narayana Sastry Marthi
Lakshmi Narayana Sastry Marthi 11 साल 7 महीने पहले
I just read the 33cr fraud in dhanlaxmi bank in delhi. Gold appraisers should be branch independent and should be rotated between branches similar to inspectors based on lottery method. We want to know the full measures government is taking to contain corruption in PSU Banks.
Sanjay Rajure
Sanjay Rajure 11 साल 7 महीने पहले
किसी भी तरह के नशे से अगर हम को अपनी युवा पीढ़ी को बचाना है तो उन्हें जीवन के सही मूल्यों से अवगत करना आवश्यक है. योग, ध्यान एवं संतुलित जीवन ही इन सारी चीजों से बचा सकता है. नशे की चीजों के प्रती लोगों के आकर्षण के अतिरिक्त जिन लोगों को इन सारी चीजे बेचने से फायदा होता है, उनपर लगाम कसना आवश्यक है. अगर हम शराब और मांसाहार से अपने समाज को मुक्त कर सकें तो बाकी बातें और आसान हो जाएँगी. कम से कम हमें टीवी पर शराब की कंपनियों के छद्म विज्ञापन, और मांस बेचने वाले विज्ञापनों को रोकना चाहिए.
Sanjay Rajure
Sanjay Rajure 11 साल 7 महीने पहले
आदरणीय प्रधान मंत्रीजी, टीवी पर शराब की कंपनियों के विज्ञापन दिखाए जाते है, जिसमे शराब की कंपनिया अन्य उत्पादनों के बहाने विज्ञापन करती है. इन विज्ञापनों में समाज के संभ्रांत लोग भी हिस्सा लेते हैं. शराब पीना या न पीना यह व्यक्ति के स्वयं के विवेक की बात है, लेकीन शराब के ब्रांड के विज्ञापन टीवी पर दिखने से शराब पीने को समाज की स्वीकृति समझा जा सकता है, जिन लोगों को शराब से परहेज है उन्हें क्यों इन विज्ञापनों को देखने पर बाध्य होना चाहिए? कृपया शराब और मांसाहार के विज्ञापन टीवी पर न दिखाए जायें.