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Inviting Comments on Discussion Paper on “Methodological Improvements in Compilation of National Accounts Aggregates Using Expenditure Approach”

आरंभ करने की तिथि :
Dec 22, 2025
अंतिम तिथि :
Jan 07, 2026
23:45 PM IST (GMT +5.30 Hrs)
National Statistical Office (NSO) under the Ministry of Statistics and Programme Implementation (MoSPI) has released a Discussion Paper titled “Methodological Improvements in ...
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400 सबमिशन दिखा रहा है
IRAPPA KUMBAR
6 महीने 3 सप्ताह पहले
The revised series plans to use item-wise elementary CPI indices as deflators for valuables (gold, gems, ornaments) instead of the WPI based indices used in the current series.
This is a "best practice" move because valuables are predominantly purchased by households for stores of value. Since CPI reflects the actual prices paid by consumers (including margins and taxes), it is a far more appropriate deflator for this category than wholesale prices
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SANDEEP SINGH NEGI
6 महीने 3 सप्ताह पहले
Please find herewith attached PDF copy of Comments on Second Discussion Paper on National Accounts Base Year Revision (Expenditure Approach).
mygov_176671833851912271.pdf
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Shivam Ramtekkar
6 महीने 3 सप्ताह पहले
paper
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Praveen Bhandarakavthe
6 महीने 3 सप्ताह पहले
this is some what science and technology and then some laws in journalism
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HarshaliJohari
6 महीने 3 सप्ताह पहले
The discussion paper highlights important methodological improvements in compiling national accounts using the expenditure approach. Incorporating updated data sources and improving estimation techniques will enhance accuracy, transparency, and international comparability. Such initiatives are valuable for students and researchers to better understand macroeconomic measurement and policy formulation.
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pinky rawat
6 महीने 3 सप्ताह पहले
माननीय प्रधानमंत्री जी,
सादर प्रणाम।
मैं अजमेर, राजस्थान की निवासी हूँ।
अरावली पहाड़ियाँ हमारे क्षेत्र की जल-व्यवस्था और पर्यावरण की रीढ़ हैं।
“100 मीटर” परिभाषा के कारण अजमेर सहित कई क्षेत्रों की छोटी लेकिन महत्वपूर्ण अरावली पहाड़ियाँ संरक्षण से बाहर हो रही हैं, जिससे खनन, निर्माण और भूजल गिरावट का खतरा बढ़ रहा है।
निवेदन है कि वैज्ञानिकों व पर्यावरण विशेषज्ञों से परामर्श लेकर अरावली के लिए अतिरिक्त सुरक्षा प्रावधान किए जाएँ, ताकि पर्यावरण और भविष्य सुरक्षित रह सके।
धन्यवाद।
स्थान: अजमेर, राजस्थान
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Vijaykumar N Math
6 महीने 3 सप्ताह पहले
The expenditure approach in the draft paper has addressed all items that contribute to GDP and is adequate and sufficient.
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NeetuMishra
6 महीने 3 सप्ताह पहले
आदरणीय मोदी जी, महिलाओं की स्थितियों पर भी थोड़ा और ध्यान दें जिससे उनके प्रति घरेलू तौर पर मानसिक रूप से प्रताड़ना को कम किया जा सके। आज पढ़ी लिखी नौकरीपेशा महिला भी समाज के डर से गलत का विरोध करने के लिए हजार बार सोचती है और फिर कही न कही घुटने टेक देती है कभी समाज के डर से तो कभी बच्चों के भविष्य खराब न हो ये सोच कर । ऐसी महिलाओं के लिए भी कुछ करें 🙏
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Adv Praveen Pratap
6 महीने 3 सप्ताह पहले
सर जी,
भारतीय लोगों के दिमाग में एक सोच ऐसी पैदा की जाए जो देश को भ्रष्टाचार मुक्त बनाए........
प्रणाम सर
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Praveen Bhandarakavthe
6 महीने 3 सप्ताह पहले
statically equilibrium in the softwares technologies
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